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दीपावली: रौशनी का त्योहार।

Ayush Kumar Singh

ByAyush Kumar Singh

Nov 21, 2020

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lit candles

दीपावली का महत्व भारतीयों में काफ़ी ज्यादा रहता है| दीपावली दीपों का त्यौहार है प्रकाश, रौशनी का त्यौहार है, अंधेरे से जीत का प्रतीक है दीपावली। माना जाता है कि दीपावली के दिन अयोध्या के राजा श्री राम अपने १४ वर्ष का वनवास पूर्ण करके लौटे थे। इसी वजह से भारतीयों में यह त्यौहार बहुत ही उत्साह से मनाया जाता है।

दीपावली का सामाजिक और धार्मिक दोनों दृष्टि में अत्यधिक महत्व है। दीपावली हर वर्ष शरद ऋतु में मनाए जाने वाला एक प्राचीन त्यौहार है। दीपावली का आरम्भ धनतेरस से हो जाता है दीपावली के दो दिन पहले धनतेरस रहता है जिसमें सारे लोग कुछ नया चीज खरीदते है। बाज़ार में भीड़ उमड़ जाती है बच्चे पटाखे खरीदते है बड़े पूजा की सामग्री सारे लोगो में खुशी की लहर रहती है घर को सजाया जाता है घर की साफ़ सफाई होती है परिवार का मिलना होता है पकवान का सेवन होता है काफ़ी तरह के पकवान बनते है दीपावली पे मिठाइयों के साथ आशीर्वाद का भी लेन देन होता है। दीपावली भारत के साथ साथ नेपाल का भी एक महत्वपूर्ण त्योहार है दीपावली के ही दिन से नेपाल में नए वर्ष की शुरुआत होती है। दीपावली में लक्ष्मी मां की पूजा होती है लेकिन कुछ जगहों में मां काली की भी पूजा होती है और कुछ जगह में कृष्णा जी की भी पूजा होती है दीपावली के पीछे कई कहानियां है। अंधकार पर प्रकाश का विजय का यह पर्व समाज में उल्लास भाई चारा भड़ाता है। एक दूसरे के प्रेम स्नेह का त्योहार है दीपावली अंधेरे पे प्रकाश की जीत का त्योहार है दीपावली मेरा आपका हम सबका त्योहार है दीपावली।

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