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हम आज हैं, कल शायद न हों…

Arpana Kumari

ByArpana Kumari

Nov 25, 2020

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person wearing knit cap facing mountain

ज़िन्दगी हमसे मुलाकात करने से पहले कुछ शर्त रखती है। वो शर्त हम अक्सर भूल जाते हैं। अकेले इस दुनिया में आने, और अकेले ही जाने का शर्त। हम अक्सर इस विषय में बाद नहीँ करते, न ही अधिक सोचते हैं।

इस बारे में सोचना क्यों ज़रूरी है

हम अक्सर सोचते हैं कि हमारे पास बहुत वक़्त है। और इस वजह से, जो काम करने से हमे खुशी मिलती है, वो कुछ समय के बाद के लिए छोड़ देते हैं। पर आपको किसने बताया कि आप उस समय तक जीवित रहेंगे? हमारा नाम आने वाले वक़्त में लिखा है या नही यह कोई नही जानता। इसीलिए जो करना है आज करें। आज के अलावा किसी वक़्त पर इस समय आपका अधिकार नही है।

सही वक़्त कभी नही आता

सभी इस दुनिया से जाने से पहले कुछ अच्छा काम करना चाहते हैं, जिससे उन्हें याद रखा जाए। अधिकतर लोग सही वक़्त का इंतज़ार करते रह जाते हैं। पर वो वक़्त कभी आता ही नही। जो वक़्त है, आज का है, अभी का है। यही सही वक़्त है किसीकी मदद करने का, किसीको खुशी देने का, कुछ नए रिश्ते बनाने का, कुछ नया सीखने का या कोई अधूरा काम पूरा करने का।

चले जाने पर भी ज़िन्दा रहना

हम भले ही इस दुनिया में हमेशा के लिए नही रहते, पर कुछ है जो हमेशा के लिए ज़िन्दा रह सकता है। वो है हमारा काम, हमारी कला, हमारी पहचान। बस वो नाम अमर रह जाते हैं जो अपने कर्म से कुछ बदल पाए, या तो किसी की ज़िन्दगी या किसी की सोंच। ऐसे लोग किसी वक़्त का इंतज़ार नही करते, बस अच्छे कर्म करते जाते हैं और अपने दिल की सुनते हैं।

चलो अब हम भी अपने दिल की सुने। दूसरों के लिए कुछ अच्छा करें। कुछ सीखके और कुछ सिखाके जाएँ। इस दुनिया को और भी सुन्दर बनाएँ।

अपने लिए तो सब जीते हैं।
अमर वही नाम रह जाते हैं,
जो दूसरों के लिए काम करते हैं।

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